तेलंगाना के कामारेड्डी से एक बेहद दर्दनाक और चौंकाने वाली घटना सामने आई है. जहां एक मामूली घरेलू विवाद ने हिंसक रूप ले लिया और एक पत्नी ने अपने ही पति की हत्या कर दी. यह घटना वाम्बे कॉलोनी में हुई. जिसने पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया है.
मृतक की पहचान कोदंडा शिवाजी के रूप में हुई है, जो पेशे से दिहाड़ी मजदूर था. वह अपनी पत्नी लक्ष्मी और दो छोटी बेटियों के साथ किराए के मकान में रहता था. परिवार आर्थिक रूप से कमजोर था और रोज़ाना की मजदूरी से ही उनका गुजारा चलता था. पुलिस के अनुसार दोनों बेटियों की उम्र क्रमशः दो साल और एक साल है.
नॉनवेज न बनाने को लेकर हुआ था विवाद
स्थानीय सूत्रों और पुलिस से मिली जानकारी के मुताबिक, शनिवार रात को पति-पत्नी के बीच खाना बनाने को लेकर विवाद शुरू हुआ. बताया जा रहा है कि शिवाजी ने नॉन-वेज खाना न बनाए जाने को लेकर नाराजगी जताई. साथ ही उसने इस दौरान अपनी खराब आर्थिक स्थिति को लेकर भी निराशा व्यक्त की, जिससे विवाद और बढ़ गया.
देखते ही देखते यह बहस गंभीर झगड़े में बदल गई. आरोप है कि गुस्से में आकर लक्ष्मी ने घर में रखे एक धारदार हथियार से शिवाजी पर हमला कर दिया. हमले के दौरान शिवाजी की गर्दन पर गहरी चोट लगी, जो जानलेवा साबित हुई. घटना के बाद शिवाजी की मौके पर ही मौत हो गई.
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंच गई व शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा. पुलिस ने आरोपी पत्नी लक्ष्मी को हिरासत में ले लिया है और उसके खिलाफ मामला दर्ज कर लिया गया है. कामारेड्डी के सर्किल इंस्पेक्टर नरहरि ने इस घटना की पुष्टि करते हुए बताया कि मामले की जांच जारी है और घटना के पीछे के वास्तविक कारणों का पता लगाने की कोशिश की जा रही है.
एक रात की घटना से टूट गया परिवार
नरहरि ने कहा कि प्रारंभिक जांच में घरेलू विवाद ही हत्या की वजह प्रतीत हो रहा है, लेकिन सभी पहलुओं की गहराई से जांच की जा रही है. इस घटना ने एक बार फिर यह सवाल खड़ा कर दिया है कि कैसे छोटे-छोटे घरेलू विवाद, खासकर आर्थिक तंगी और मानसिक तनाव के चलते परिवार टूट जा रहे हैं और जान तक चली जा रही है. इस घटना का असर उन दो मासूम बच्चियों पर पड़ेगा, जिन्होंने एक ही रात में अपने पिता को खो दिया और मां को कानूनी प्रक्रिया में उलझते देखा.
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